Shri Mataji Gaushalaश्री माताजी गौशाला, बरसाना की छत्रछाया में
आस्था · पर्यावरण · आजीविका

ब्रज चौरासी कोस में… चार गाँव निज धाम, वृन्दावन और मधुपुरी, बरसानो, नंदगाँव

ब्रज की धरती को उसका खोया हरापन लौटाने का संकल्प।

यह श्री कृष्ण की लीलाओं की भूमि है — घने वनों, पवित्र सरोवरों और प्राचीन पर्वतों की। आज वही वन उजड़ रहे हैं। हम उन्हें फिर से लौटाने निकले हैं।

माताजी गौशाला की पहल
हर पेड़ एक संकल्प है। हर वृक्षमित्र एक योद्धा।ब्रज के वन लौटेंगे — एक पेड़, एक वृक्षमित्र, एक बार में।जहाँ कान्हा ने खेला, वहाँ पेड़ फिर उगेंगे।आस्था · पर्यावरण · आजीविकाश्री माताजी गौशाला की छत्रछाया में | Under the Banner of Shri Mataji Gaushalaहर पेड़ एक संकल्प है। हर वृक्षमित्र एक योद्धा।ब्रज के वन लौटेंगे — एक पेड़, एक वृक्षमित्र, एक बार में।जहाँ कान्हा ने खेला, वहाँ पेड़ फिर उगेंगे।आस्था · पर्यावरण · आजीविकाश्री माताजी गौशाला की छत्रछाया में | Under the Banner of Shri Mataji Gaushala
हर पेड़ के पीछे एक इंसान

सरकारी वृक्षारोपण में 95% पौधे पहले वर्ष में मर जाते हैं — क्योंकि लगाने के बाद कोई जिम्मेदार नहीं। वृक्षमित्र योजना में हर पेड़ के पीछे एक इंसान है — जिसकी आजीविका उस पेड़ के जीवन से जुड़ी है।

हमारा तरीका

तीन स्तंभ, एक लक्ष्य

पेड़ लगाने और उनकी 3 साल तक देखभाल करने की जिम्मेदारी स्थानीय युवाओं को दो — और उसके बदले उन्हें उचित आय दो। प्रकृति की सेवा और युवाओं की आजीविका, एक साथ।

आस्था

पर्यावरण

आजीविका

ज़मीन पर प्रगति

हमारी पहली वृक्षमित्र साझेदारी

योजना अब केवल कागज़ पर नहीं — ब्रज की पवित्र धरती पर शुरू हो चुकी है। हमारे पहले वृक्षमित्र के साथ यह यात्रा आरंभ हो गई है।

Shri Mataji Gaushala

श्री माताजी गौशाला, बरसाना

बरसाना, मथुरा
पहला वृक्षमित्र · वृक्षमित्र

श्री राधा रानी की पावन नगरी बरसाना में स्थित श्री माताजी गौशाला हमारी पहली वृक्षमित्र बनी है। गौशाला की सेवा-भावना और इस पवित्र भूमि से जुड़ा अपनापन इसे वृक्षों की देखभाल के लिए आदर्श बनाता है — जहाँ गौ-सेवा और वृक्ष-सेवा साथ-साथ चलती हैं।

  • बरसाना की पवित्र भूमि पर योजना का पहला ज़मीनी क्रियान्वयन
  • गौ-सेवा और वृक्ष-सेवा का अनूठा संगम
  • हर पेड़ की देखभाल की ज़िम्मेदारी और जवाबदेही गौशाला के पास
  • आने वाले महीनों में पेड़ों की वृद्धि की तस्वीरें और रिपोर्ट यहाँ दर्ज होंगी

यह तो शुरुआत है। बरसाना से आरंभ हुई यह हरियाली पूरे ब्रज में फैलेगी।

तस्वीरों में हमारी यात्रा

बरसाना की धरती पर गौ-सेवा और वृक्ष-सेवा — एक साथ

IBF Mataji Gaushala 1
IBF Mataji Gaushala 2
IBF Mataji Gaushala 3
IBF Mataji Gaushala 4
IBF Mataji Gaushala 5
IBF Mataji Gaushala 6
IBF Mataji Gaushala 7
IBF Mataji Gaushala 8
IBF Mataji Gaushala 9
IBF Mataji Gaushala 10
IBF Mataji Gaushala 11
IBF Mataji Gaushala 12
IBF Mataji Gaushala 1
IBF Mataji Gaushala 2
IBF Mataji Gaushala 3
IBF Mataji Gaushala 4
IBF Mataji Gaushala 5
IBF Mataji Gaushala 6
IBF Mataji Gaushala 7
IBF Mataji Gaushala 8
IBF Mataji Gaushala 9
IBF Mataji Gaushala 10
IBF Mataji Gaushala 11
IBF Mataji Gaushala 12

ब्रज की हरियाली में अपना हिस्सा लें।